
उद्योगपति के गनमैन पर फर्जी नंबर प्लेट का आरोप, ई-चालान से खुला बड़ा खेल
बिलासपुर। जिले में फर्जी नंबर प्लेट लगाकर कार चलाने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। खास बात यह है कि पकड़ा गया युवक शहर के एक उद्योगपति (कोयला व्यवसायी) के यहां गनमैन के रूप में काम करता है। मामले के सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई और जांच की निष्पक्षता को लेकर भी शहर में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
जानकारी के अनुसार विकास सिंह नाम का व्यक्ति, जो मूल रूप से ग्वालियर का रहने वाला बताया जा रहा है, बिलासपुर के तारबाहर थाना क्षेत्र में रहकर एक उद्योगपति (कोयला व्यवसायी) के यहां गनमैन के रूप में काम कर रहा है। बताया जा रहा है कि वह अपनी निजी कार में पंजाब राज्य का फर्जी नंबर प्लेट लगाकर लंबे समय से शहर में घूम रहा था और यातायात नियमों का उल्लंघन भी कर रहा था।
मामले का खुलासा तब हुआ जब पंजाब निवासी एक महिला के पास लगातार ई-चालान पहुंचने लगे। चालान ट्रैफिक सिग्नल तोड़ने, गलत दिशा में वाहन चलाने और अन्य नियमों के उल्लंघन के कारण जारी किए गए थे। महिला ने जांच कराई तो पता चला कि जिस नंबर की कार पर चालान कट रहे हैं, वह वाहन उनके नाम पर दर्ज है, जबकि वह वाहन पंजाब से बाहर गया ही नहीं था।
इसके बाद महिला ने अपने वकील के माध्यम से छत्तीसगढ़ पुलिस से शिकायत की। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने संबंधित नंबर की तलाश शुरू की और चेकिंग के दौरान संदिग्ध कार को रोककर जांच की गई। जांच में सामने आया कि विकास सिंह अपनी कार में फर्जी नंबर प्लेट लगाकर शहर में घूम रहा था। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की।
सूत्रों के अनुसार मामला हाई प्रोफाइल व्यक्ति से जुड़ा होने के कारण पुलिस अधिकारी खुलकर कुछ भी कहने से बच रहे हैं। चर्चा यह भी है कि देर रात तक पूछताछ के बाद आरोपी को छोड़ दिया गया, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
घटना के सामने आने के बाद शहर में यह सवाल उठने लगे हैं कि आखिर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर वाहन चलाने का यह खेल कब से चल रहा था और क्या इसमें अन्य लोग भी शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बार-बार चालान से खुला बड़ा फर्जीवाड़ा
पंजाब की रहने वाली महिला के पास बार-बार ई-चालान पहुंचने के बाद मामला सामने आया। जांच में पता चला कि उनके नंबर की प्लेट किसी दूसरी कार में लगाकर बिलासपुर में चलाई जा रही थी। शिकायत के बाद पुलिस ने चेकिंग के दौरान कार को पकड़ा और फर्जी नंबर प्लेट का खुलासा हुआ।
गनमैन निकला आरोपी
पकड़ा गया युवक शहर के एक उद्योगपति (कोयला व्यवसायी) के यहां गनमैन के रूप में काम करता है। हाई प्रोफाइल कनेक्शन सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि मामला सामान्य होता तो तुरंत कड़ी कार्रवाई होती।
कब से चल रहा था फर्जी नंबर प्लेट का खेल ?
घटना के बाद यह चर्चा तेज हो गई है कि आखिर कब से फर्जी नंबर प्लेट लगाकर वाहन चलाया जा रहा था और क्या इसमें और लोग भी शामिल हैं। पुलिस ने पूरे मामले की जांच की बात कही है, लेकिन आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आने से संदेह और बढ़ गया है।
