
व्यायाम शिक्षक भर्ती को लेकर फूटा अभ्यर्थियों का गुस्सा, शिक्षा मंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन, भर्ती में पद शामिल करने की मांग तेज
रायपुर। छत्तीसगढ़ में जारी शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में व्यायाम शिक्षक के पदों को शामिल नहीं किए जाने से अभ्यर्थियों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। बुधवार को सैकड़ों अभ्यर्थी राजधानी रायपुर स्थित शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के सरकारी आवास के पास पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए व्यायाम शिक्षक के पदों को तत्काल भर्ती प्रक्रिया में शामिल करने की मांग उठाई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाया।
प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों का आरोप है कि उन्हें शिक्षा मंत्री से मिलने का अवसर तक नहीं दिया गया। उनका कहना है कि सरकार और विभागीय अधिकारियों द्वारा पूर्व में कई बार व्यायाम शिक्षक के पदों पर भर्ती का आश्वासन दिया गया था। विभागीय स्तर पर पदों की स्वीकृति होने के बावजूद अंतिम भर्ती विज्ञापन में व्यायाम शिक्षक के एक भी पद को शामिल नहीं किया गया, जिससे वर्षों से तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों में गहरा असंतोष है।
अभ्यर्थियों ने बताया कि वर्ष 2019 में व्यायाम शिक्षक के 745 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन सरकार परिवर्तन और कोरोना महामारी के चलते यह प्रक्रिया अधूरी रह गई। इसके बाद वर्ष 2023 में शिक्षक भर्ती का नया विज्ञापन जारी हुआ, लेकिन उसमें भी व्यायाम शिक्षक के लिए एक भी पद नहीं रखा गया।
प्रदर्शनकारियों का दावा है कि तत्कालीन सरकार ने 1,440 व्यायाम शिक्षक पदों के सृजन की घोषणा करते हुए इन्हें आगामी भर्ती में शामिल करने का भरोसा दिलाया था। उनका कहना है कि वित्त विभाग ने व्यायाम एवं योग शिक्षा के लिए 300 पदों को भी स्वीकृति प्रदान की थी। बाद में योग शिक्षा का अलग सेटअप तैयार नहीं होने के कारण 146 योग शिक्षक पद समाप्त कर दिए गए, जबकि शेष 154 पद व्यायाम शिक्षक के लिए सुरक्षित रखे गए थे।
अभ्यर्थियों का आरोप है कि इसके बाद योग और कंप्यूटर शिक्षक के कुल 292 पद सहायक शिक्षकों को आवंटित कर दिए गए, जबकि व्यायाम शिक्षकों के 154 स्वीकृत पद यथावत बने रहे। इसके बावजूद वर्तमान शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में इन पदों को शामिल नहीं किया गया, जिससे हजारों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक गया है।
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से मांग की है कि स्वीकृत व्यायाम शिक्षक पदों को तत्काल भर्ती प्रक्रिया में शामिल कर नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को प्रदेशव्यापी रूप दिया जाएगा।
