
कथित शराब घोटाले में कांग्रेस नेता रामगोपाल अग्रवाल गिरफ्तार
ईडी की बड़ी कार्रवाई, पीएमएलए के तहत लिया हिरासत में; अदालत में पेश कर रिमांड मांगने की तैयारी
रायपुर। छत्तीसगढ़ के कथित शराब घोटाले से जुड़े धनशोधन मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कांग्रेस नेता और पार्टी के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने मंगलवार को गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि केंद्रीय एजेंसी अब उन्हें अदालत में पेश करेगी।
पीएमएलए के तहत कार्रवाई: अधिकारियों के अनुसार अग्रवाल को धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत हिरासत में लिया गया है। ईडी उनसे कथित शराब घोटाले से जुड़े धन के लेन-देन और जांच में सामने आए अन्य पहलुओं को लेकर पूछताछ करना चाहती है।
2019 से 2022 के बीच का मामला: ईडी के मुताबिक कथित शराब घोटाला 2019 से 2022 के बीच हुआ था। यह वह अवधि थी जब छत्तीसगढ़ में तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार थी। जांच एजेंसी ने शराब कारोबार में कथित अनियमितताओं को लेकर व्यापक स्तर पर जांच की है।
2,883 करोड़ के राजस्व नुकसान का आरोप: जांच एजेंसी का आरोप है कि वरिष्ठ नौकरशाहों और राजनीतिक हस्तियों से जुड़े एक कथित ‘अपराधिक सिंडिकेट’ ने आबकारी विभाग पर प्रभाव स्थापित कर लिया था। ईडी के अनुसार इस कथित नेटवर्क के चलते राज्य को करीब 2,883 करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान हुआ।
81 आरोपी, छह आरोपपत्र दाखिल: ईडी इस मामले में अब तक छह आरोपपत्र दाखिल कर चुकी है और कुल 81 लोगों को आरोपी बनाया गया है। इनमें पूर्व आबकारी आयुक्त निरंजन दास, पूर्व संयुक्त सचिव अनिल टुटेजा, पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा, मुख्यमंत्री कार्यालय की पूर्व उप सचिव सौम्या चौरसिया और भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल समेत कई नाम शामिल हैं।
अब अदालत में पेशी पर नजर: रामगोपाल अग्रवाल की गिरफ्तारी के बाद अब उनकी अदालत में पेशी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। ईडी अधिकारियों के मुताबिक एजेंसी रिमांड की मांग करेगी। इसके बाद पूछताछ में कथित धनशोधन से जुड़े नेटवर्क और अन्य संदिग्ध लेन-देन को लेकर आगे की जानकारी जुटाई जा सकती है।
