
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में तीन नए जजों की नियुक्ति की सिफारिश, संतोष शर्मा, सुषमा सावंत और सुधीर कुमार के नाम शामिल
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में न्यायिक व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में तीन न्यायिक अधिकारियों को जज नियुक्त किए जाने की सिफारिश की है। 18 अगस्त को हुई कॉलेजियम की बैठक के बाद संतोष शर्मा, सुषमा सावंत और सुधीर कुमार के नामों की सिफारिश की गई।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में स्वीकृत न्यायाधीशों की संख्या 22 है, जबकि वर्तमान में 13 न्यायाधीश कार्यरत हैं। ऐसे में तीन नए न्यायाधीशों की नियुक्ति की सिफारिश को न्यायिक व्यवस्था के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। तीनों अधिकारी छत्तीसगढ़ न्यायिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी हैं और लंबे समय से न्यायिक एवं प्रशासनिक जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं।
संतोष शर्मा
संतोष शर्मा वर्तमान में कोरबा जिले के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने वर्ष 2009 में बिलासपुर से अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश के रूप में अपनी न्यायिक सेवा की शुरुआत की थी। लंबे न्यायिक अनुभव के दौरान उन्होंने विभिन्न महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।
सुषमा सावंत
सुषमा सावंत वर्तमान में छत्तीसगढ़ शासन के विधि एवं विधायी कार्य विभाग, रायपुर में प्रमुख सचिव के पद पर प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ हैं। न्यायिक सेवा के साथ-साथ प्रशासनिक और विधिक मामलों में उनका अनुभव भी महत्वपूर्ण माना जाता है।
सुधीर कुमार
सुधीर कुमार वर्तमान में रायपुर फैमिली कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत हैं। न्यायिक क्षेत्र में उनके लंबे अनुभव को देखते हुए कॉलेजियम ने उनके नाम की भी हाईकोर्ट जज के रूप में नियुक्ति के लिए सिफारिश की है।
न्यायिक व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
तीनों नामों पर अंतिम नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी होने के बाद छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ेगी। इससे लंबित मामलों की सुनवाई में तेजी आने और न्यायिक कार्यों के बेहतर संचालन में मदद मिलने की उम्मीद है। कॉलेजियम की इस सिफारिश को प्रदेश की न्यायिक व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
